Punjab Politics, AAP News, BJP News, Punjab Election 2027, Kunwar Vijay Pratap Singh
पंजाब में AAP को बड़ा झटका, तीन विधायक BJP में शामिल; 2027 चुनाव से पहले बदले सियासी समीकरण

पंजाब की राजनीति में सोमवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। आम आदमी पार्टी (AAP) के तीन विधायकों ने भारतीय जनता…

Read More
नई दिल्ली, 1 नवंबर 2026: राजधानी दिल्ली में कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA गठबंधन की रैली के बीच भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भी विपक्ष के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। रामलीला मैदान में कांग्रेस की 'वोट बचाओ, देश बचाओ' रैली के जवाब में बीजेपी ने दिल्ली समेत कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन और मार्च आयोजित किए। बीजेपी नेताओं ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष लोकतंत्र के नाम पर राजनीतिक माहौल खराब करने की कोशिश कर रहा है। इस राजनीतिक टकराव ने राजधानी की सियासत को गर्मा दिया है। एक तरफ कांग्रेस चुनाव आयोग और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर सवाल उठा रही है, वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने कांग्रेस के आंदोलन की मंशा और रैली की तारीख पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। बीजेपी ने दिल्ली से हरियाणा तक किया जवाबी प्रदर्शन कांग्रेस की रैली के दिन बीजेपी ने भी जवाबी कार्यक्रम आयोजित किए। पार्टी ने अपने विरोध प्रदर्शन को 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' का नाम दिया। दिल्ली के पश्चिमी हिस्से में बीजेपी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने मार्च निकाला। इस प्रदर्शन में केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा और मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा समेत कई नेता शामिल हुए। यह मार्च हरि नगर बस डिपो से शुरू होकर तिलक नगर मेट्रो स्टेशन तक निकाला गया। बीजेपी नेताओं ने कांग्रेस पर 1984 के सिख विरोधी दंगों को लेकर निशाना साधा और पीड़ित परिवारों के लिए न्याय की मांग की। इसके अलावा बीजेपी ने हरियाणा और अन्य स्थानों पर भी विपक्ष की रैली के खिलाफ राजनीतिक संदेश दिया। 1984 के सिख विरोधी दंगों को लेकर कांग्रेस पर हमला बीजेपी के पलटवार का सबसे बड़ा मुद्दा 1 नवंबर की तारीख रहा। बीजेपी नेताओं ने सवाल उठाया कि कांग्रेस ने अपनी रैली के लिए इसी दिन को क्यों चुना? गौरतलब है कि 31 अक्टूबर 1984 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद दिल्ली और देश के कई हिस्सों में सिख विरोधी हिंसा भड़की थी। इस हिंसा में हजारों लोगों की जान गई थी। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि 1984 में सिख समुदाय के खिलाफ हुई हिंसा अचानक नहीं हुई थी, बल्कि यह सुनियोजित नरसंहार था। उन्होंने कांग्रेस से पीड़ितों की भावनाओं का सम्मान करने और इस तारीख पर रैली आयोजित करने के फैसले पर जवाब देने की मांग की। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि 1984 की हिंसा ने सिख परिवारों को गहरे जख्म दिए थे और इस दिन को राजनीतिक कार्यक्रम के लिए चुनना पीड़ितों की भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला है। बीजेपी ने कांग्रेस से इस मुद्दे पर माफी मांगने की मांग भी की। जेपी नड्डा ने राहुल गांधी पर साधा निशाना बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने INDIA गठबंधन की रैली को राजनीतिक स्वार्थ से प्रेरित बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल SIR के मुद्दे को लेकर जनता के बीच भ्रम फैलाने और राजनीतिक अस्थिरता पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। नड्डा ने विपक्ष के आंदोलन को सुनियोजित राजनीतिक ड्रामा बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाकर राजनीतिक लाभ लेना है। बीजेपी का कहना है कि चुनाव आयोग एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है और मतदाता सूची में सुधार की प्रक्रिया नियमों के अनुसार की जाती है। अमित शाह और संबित पात्रा ने भी कांग्रेस को घेरा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी राहुल गांधी और कांग्रेस पर राजनीतिक हमला बोला। बीजेपी नेताओं ने विपक्ष की ओर से चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर आपत्ति जताई। इससे पहले बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने राहुल गांधी के उस आरोप को खारिज किया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि गृह मंत्री अमित शाह दिल्ली में रैली में शामिल होने आ रहे लोगों को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। पात्रा ने राहुल गांधी से पूछा कि आखिर किस व्यक्ति को, कहां और किसने रोका? उन्होंने आरोपों के समर्थन में सबूत पेश करने की मांग की और कांग्रेस नेता पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया। बीजेपी ने विपक्ष के नेताओं के बीच एकता पर भी सवाल उठाए और कहा कि INDIA गठबंधन के दलों में आपसी तालमेल की कमी है। बीजेपी ने रैली में भीड़ को लेकर भी उठाए सवाल कांग्रेस की रैली को लेकर बीजेपी सांसद संबित पात्रा ने इसे सुपर फ्लॉप बताते हुए दावा किया कि रामलीला मैदान का बड़ा हिस्सा खाली था। उन्होंने कांग्रेस की ओर से किए गए भीड़ जुटाने के दावों पर सवाल उठाए। हालांकि, रैली में शामिल लोगों की वास्तविक संख्या को लेकर कोई स्वतंत्र और पुष्ट आंकड़ा सामने नहीं आया है। इसलिए बीजेपी के इस दावे को पार्टी का राजनीतिक आरोप ही माना जाना चाहिए। SIR विवाद पर आमने-सामने कांग्रेस और बीजेपी दरअसल, कांग्रेस की रैली का मुख्य मुद्दा मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR है। कांग्रेस का आरोप है कि इस प्रक्रिया के दौरान पात्र मतदाताओं के नाम गलत तरीके से हटाए जा सकते हैं और इससे मतदान के अधिकार पर असर पड़ सकता है। वहीं बीजेपी का कहना है कि मतदाता सूची को सही और पारदर्शी बनाने के लिए SIR जरूरी प्रक्रिया है। पार्टी विपक्ष के आरोपों को राजनीतिक हथकंडा बता रही है। इस मुद्दे पर दोनों पक्षों के बीच टकराव लगातार बढ़ता जा रहा है। कांग्रेस चुनाव आयोग से जवाबदेही की मांग कर रही है, जबकि बीजेपी कांग्रेस पर संवैधानिक संस्थाओं को निशाना बनाने का आरोप लगा रही है। क्या बीजेपी के पलटवार से बढ़ेगी राजनीतिक लड़ाई? दिल्ली में कांग्रेस की रैली और बीजेपी के जवाबी प्रदर्शन ने यह साफ कर दिया है कि आने वाले दिनों में SIR का मुद्दा राष्ट्रीय राजनीति में चर्चा का केंद्र बना रह सकता है। कांग्रेस इसे मतदाता अधिकारों और लोकतंत्र की रक्षा की लड़ाई बता रही है। वहीं बीजेपी इसे विपक्ष की राजनीतिक रणनीति करार दे रही है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि इस राजनीतिक टकराव का असर आम जनता और मतदाताओं पर कितना पड़ेगा। क्या विपक्ष अपने आरोपों के समर्थन में ठोस प्रमाण पेश कर पाएगा या बीजेपी अपने जवाबी अभियान से कांग्रेस को राजनीतिक रूप से घेरने में सफल होगी? इन सवालों के जवाब आने वाले दिनों में राजनीतिक घटनाक्रम और चुनाव आयोग की कार्रवाई से सामने आएंगे। निष्कर्ष: दिल्ली में कांग्रेस की रैली के बीच बीजेपी का जवाबी प्रदर्शन केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि 1984 के सिख विरोधी दंगों, SIR और चुनावी पारदर्शिता जैसे मुद्दों पर बढ़ते सियासी टकराव का संकेत है।
कांग्रेस की रैली पर BJP का पलटवार: राहुल गांधी को घेरा, दिल्ली से हरियाणा तक बीजेपी का जवाबी प्रदर्शन

नई दिल्ली, 1 नवंबर 2026: राजधानी दिल्ली में कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA गठबंधन की रैली के बीच भारतीय जनता…

Read More
devuthni ekadashi 2026: kab hai? jaanen vrat ki taarikh, paran samay, pooja vidhi aur tulsi vivah
देवउठनी एकादशी 2026: कब है? जानें व्रत की तारीख, पारण समय, पूजा विधि और तुलसी विवाह

हिंदू धर्म में देवउठनी एकादशी का विशेष धार्मिक महत्व है। इसे देवोत्थान एकादशी, देवउठान एकादशी और प्रबोधिनी एकादशी के नाम…

Read More
दिल्ली में कांग्रेस की महा रैली, राहुल गांधी ने उठाए SIR पर सवाल
कांग्रेस की दिल्ली रैली: राहुल गांधी और INDIA गठबंधन का शक्ति प्रदर्शन, SIR विवाद पर गरमाई सियासत

नई दिल्ली, 1 नवंबर 2026। राजधानी दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में रविवार को कांग्रेस के नेतृत्व वाले INDIA गठबंधन…

Read More